• News
    • देश
    • दुनिया
  • sports
    • क्रिकेट
    • फूटबाल
    • बैडमिंटन
    • कुश्ती
    • बास्केटबॉल
    • हॉकी
    • बेसबाल
  • Lifestyle
    • फैशन
    • ब्यूटी
    • हेल्थ
  • Entertainment
    • बॉलीवुड
    • टी वी
    • हॉलीवुड
    • म्यूजिक
  • Technology
    • गैजेट्स
    • इन्टरनेट
    • मोबाइल
  • Business
  • Articles
    • English
    • Hindi
Himcom News
Himcom News

September 23rd, 2026
  • News
    • देश
    • दुनिया
  • sports
    • क्रिकेट
    • फूटबाल
    • बैडमिंटन
    • कुश्ती
    • बास्केटबॉल
    • हॉकी
    • बेसबाल
  • Lifestyle
    • फैशन
    • ब्यूटी
    • हेल्थ
  • Entertainment
    • बॉलीवुड
    • टी वी
    • हॉलीवुड
    • म्यूजिक
  • Technology
    • गैजेट्स
    • इन्टरनेट
    • मोबाइल
  • Business
  • Articles
    • English
    • Hindi
  • Follow
    • Facebook
    • Twitter
0 comments Share
You are reading
‘लॉक-डाउन’ से लोगों और पर्यावरण का फ़ायदा
‘लॉक-डाउन’ से लोगों और पर्यावरण का फ़ायदा
Home
Lifestyle
हेल्थ

‘लॉक-डाउन’ से लोगों और पर्यावरण का फ़ायदा

April 4th, 2020 urvashi Goel Articles, Breaking News, Hindi, News, देश, हेल्थ 0 comments

  • Tweet
  • Share 0
  • Skype
  • Reddit
  • +1
  • Pinterest 0
  • LinkedIn 0
  • Email

04 April 2020,Nitish Pathak

कोरोना वायरस का कहर पुरे देश में जारी है।सभी लोग इस संक्रमण से युद्ध लड़ रहे है। भारत में इससे मरीजों और मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ते ही जा रहा है।
पूरा देश इस वक्त लॉक-डाउन से गुजर रहा है।सभी यातायात साधन को पूरी तरीके से बंद कर दिया गया है।सभी को घर में रहने की सलाह भी दी जा रही है।प्रधानमंत्री जी द्वारा भी लोगो को सामाजिक दुरी बनाते हुए घरों में रहने को कहा गया है,क्योकि इस बीमारी से लड़ने का यही रामबाण इलाज है। ‘लॉक-डाउन’ से लोगों को काफ़ी दिक्कत भी हो रही हैं।खासकर गरीबो और माध्यम वर्गीय लोगो को लेकिन जान है तो जहान है।केंद्र सरकार द्वारा राहत भी पहुँचायी जा रही है।

दूसरी तरफ देखे तो इस ‘लॉक-डाउन’ से तो कोरोना से लड़ ही रहे है,लेकिन इससे बहुत सारे महत्वपूर्ण फायदे भी हुए है:-

1.हमारे देश में बहुत सारे शहरों और महानगरों का वायु काफी प्रदूषित रहता था,लोगो को साँस लेने में काफ़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था।दिल्ली,मुम्बई आदि जैसे महानगर का हवा एक साँस में 50 सिगरेट का धुँआ सोखने जैसा होता था,लेकिन इस लॉक-डाउन के वजह से संपूर्ण भारत का प्रदूषण निम्न स्तर पर लौट आया है।

2.आज कल लोगो का जीवन एक रेश की तरह हो गया था।लोग सुबह से उठकर भागना शुरू कर देते थे।पूरी तरह से लोग व्यस्त रहते थे और शाम में थक हराकर सो जाते है।फिर सुबह से वही दिनचर्या।लोग कमाते थे परिवार के लिए ही लेकिन इस भाग दौड़ भरी ज़िन्दगी में अपने परिवार से सुकून का पल नही बिता पाते थे।लोग अपने बच्चों से नही मिल पाते थे।इस लॉक-डाउन ने हर परिवार को अपने परिवार के साथ समय बिताने का एक बहुमूल्य समय प्रदान कर दिया।

3.हर इंसान के अंदर कुछ न कुछ प्रतिभा जरूर छुपी होती है।काम में व्यस्त रहने की वजह से लोग अपना समय नही दे पाते है,इस लॉक-डाउन में लोग अपने पसंद का काम पुरे मन के साथ कर रहे है जैसे:-गायन,वादन,नृत्य,चित्रकारी,व्यायाम आदि।इससे लोगो के अंदर छुपी प्रतिभा निखकर बाहर आ रही हैं।

4.कई बार व्यस्त दिनचर्या की वजह से लोग अपने जीवनसाथी को समय नही दे पाते है।इससे निजी सम्बन्ध में खटास आना शुरू हो जाता है।कई बार तो स्तिथि ब्रेकअप या तालक तक पहुँच जाती है,लेकिन ‘लॉक-आउट की वजह से निजी सम्बन्ध मजबूत हुए है।लोग एक दूसरे को भरपूर समय दे पा रहे है है।इससे निजी सम्बन्ध मजबूत हुआ है।

5.सड़को पर गाड़ियों की लंबी कतार, कारखानो से निकलते धुएं और अन्य आवाजो से हमारा पर्यावरण पर काफी असंतुलित हो गया था।पशु पक्षी भी परेशान रहते थे।इस लॉक-डाउन की वजह से पशु-पक्षी अपने आप को स्वछन्द महसूस कर रहे है।पूरी तरह से आसमान नीला नजर आ रहा है।प्रकृति के चीजों से खिलवाड़ की वजह से ही कोरोना जैसा वैश्विक महामारी उत्पन्न हुआ है।इसी वजह प्रकृति संसाधनों से खेल न करे उसे सहेज कर रखे।

6.भाग-दौड़ भरी ज़िन्दगी में लोग इतना व्यस्त हो जाता है की लोग अपने आप को ही भूल जाता है।अपने बारे में कुछ भी नही सोचता है। लेकिन इस ‘लॉक-डाउन’ ने लोगो को अपने प्रति सजगता देखने का बहुमूल्य समय दिया है।

7.इस भागम-भाग युग में लोग काफी थक जाते है,जैसे तैसे लोग खा पीकर दिन बिताते है,लेकिन यह बंदी ने अपने आप को फिर से एक नई ऊर्जा देने का समय दिया है।यह भी सिखाया है की कैसे हम एकजुट होकर किसी भी बड़ी से बड़ी चीजो को हरा सकते है।

8.इस मॉडर्न दौर आज कल के लोग अपनी अनूठी संस्कृति से कोसों दूर होते जा रहे है।पच्छिमी संस्कृति लोगों पर पूरी तरीके से हावी हो चूका है,लेकिन इस लॉक-आउट ने और सरकार द्वारा रामायण और महाभारत का प्रसारण करने फिर से पुरानी सभ्यता को लाने का भरपूर प्रयास किया है।

अगर ये सारी बाते आप भी समझ पा रहे है तो इस बंदी का समर्थन करे एवम् स्वयं को सुरक्षित रखे।

हमलोग जीतेंगे, कोरोना हारेगा।

सर्वे भवन्तु सुखिनः।
सर्वे संतु निरामया।।

  • Tweet
  • Share 0
  • Skype
  • Reddit
  • +1
  • Pinterest 0
  • LinkedIn 0
  • Email
  • Tags
  • Corona virus
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest WhatsApp
Next article उद्धव ठाकरे ने इस अंदाज में किया शाहरुख खान का शुक्रिया
Previous article अमरीका राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप का बडा बयान,कहा वह मास्क नहीं पहनेंगे!..

urvashi Goel

Related Posts

Articles

NETWORK 18's Sports Conclave : JAZBAA

Network18’s Jazba: From Roots to the Summit Sports are often measured through medals, records and...
Articles

0ur Environment : Our shared responsibility

Protecting nature for a healthier and sustainable future Introduction The environment is the foundation...
Articles

India vs Sri Lanka: A Thrilling Finish Awaits in Galle

India have taken a strong position in the opening Test against Sri Lanka after producing an impressive...
Weekly Timeline
Sep 22nd 6:02 PM
Articles

NETWORK 18’s Sports Conclave : JAZBAA

Sep 10th 5:49 PM
Articles

0ur Environment : Our shared responsibility

Aug 19th 6:43 PM
Articles

India vs Sri Lanka: A Thrilling Finish Awaits in Galle

Aug 18th 5:46 PM
Articles

How this common pink flower changed cancertreatment forever.

Jul 29th 5:06 PM
Articles

Assam Floods 2026: A State Fighting Nature’s Fury

Jul 24th 12:57 PM
Articles

जयपुर आयुषी शर्मा केस: एक ऐसा मामला जिसने सबको हैरान कर दिया

Jul 16th 3:33 PM
Articles

ART AS ACTIVISM

Weekly Quote

I like the dreams of the future better than the history of the past.

Thomas Jefferson
  • News
  • sports
  • Lifestyle
  • Entertainment
  • Technology
  • Business
  • Articles
  • Back to top
© Himcom News 2017. All rights reserved.
Managed by Singh Solutions